दी पेन्टिकॉस्टल असेम्बली स्कूल, बोकारो ने अपने प्रतिष्ठित ‘ग्लोबल अचीवर्स कार्यक्रम’ के अंतर्गत सिंगापुर–मलेशिया की सात दिवसीय शैक्षणिक यात्रा का सफलतापूर्वक आयोजन कर एक बार फिर उत्कृष्ट शिक्षा और वैश्विक दृष्टि के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को साकार किया। विद्यालय की इस विशिष्ट पहल के अंतर्गत कक्षा 10वीं एवं 12वीं की सीबीएसई बोर्ड परीक्षाओं में 95 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को विद्यालय की ओर से पूर्णतः प्रायोजित अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक यात्रा का अवसर प्रदान किया जाता है। यह यात्रा विद्यार्थियों को विश्वस्तरीय शिक्षा, विविध संस्कृतियों, आधुनिक तकनीक और वैश्विक परिवेश से परिचित कराते हुए उनके ज्ञान, दृष्टिकोण और आत्मविश्वास का विस्तार करती है। गौरतलब है कि ग्लोबल अचीवर्स कार्यक्रम के माध्यम से अब तक 300 से अधिक मेधावी विद्यार्थी इस अद्वितीय अंतरराष्ट्रीय अनुभव का लाभ प्राप्त कर चुके हैं, जो विद्यालय की शैक्षणिक उत्कृष्टता और प्रतिभाओं के सम्मान की प्रेरणादायी परंपरा का सशक्त प्रमाण है। वर्ष 2026 के ग्लोबल अचीवर्स कार्यक्रम के अंतर्गत चयनित 12 मेधावी विद्यार्थियों का प्रतिनिधिमंडल कार्यकारी निदेशक डॉ. डैनियल माइकल प्रसाद तथा प्राचार्या डॉ. करुणा प्रसाद के नेतृत्व में 15 सितंबर को सिंगापुर–मलेशिया की सात दिवसीय शैक्षणिक यात्रा के लिए उत्साह और नई आशाओं के साथ प्रस्थान किया।
कई विद्यार्थियों का यह पहला अनुभव था
इस गौरवशाली प्रतिनिधिमंडल में उत्कर्षा (11-डी), ऋषि जोसेफ (11-बी), नथानिएल मैथ्यू (11-बी), दिव्यांशु सिन्हा (11-डी), पलक (11-सी), साक्षी कुमारी (11-डी) , ज़ोया परवीन (11-डी), रिदम अग्रवाल (कॉमर्स टॉपर), हर्षित सिंह (प्योर साइंस टॉपर) , रिशांत विद्यार्थी (बायो साइंस टॉपर), सत्यम चौहान (प्योर साइंस टॉपर) तथा सत्यम कांत (आर्ट्स टॉपर) शामिल थे। ये सभी विद्यार्थी अपनी शैक्षणिक उत्कृष्टता, अनुशासन और प्रतिभा के आधार पर इस विशिष्ट अंतरराष्ट्रीय अवसर के लिए चयनित हुए। विद्यार्थियों ने सिंगापुर एयरलाइंस से इस अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक यात्रा का अनुभव प्राप्त किया। यात्रा के दौरान कुआलालंपुर स्थित प्रतिष्ठित होटल कैपिटल तथा सिंगापुर के सांस्कृतिक रूप से समृद्ध और जीवंत लिटिल इंडिया क्षेत्र में उनके ठहरने की व्यवस्था की गई। अनेक विद्यार्थियों के लिए यह पहला अंतरराष्ट्रीय यात्रा-अनुभव था, जिसने इस अवसर को उनके लिए और भी विशेष बना दिया। नई संस्कृति, परिवेश और जीवन-शैली से परिचय का यह अनुभव उनके लिए उत्साह, जिज्ञासा और अविस्मरणीय स्मृतियों से भरी एक प्रेरणादायी यात्रा बन गया।
सिंगापुर की आधुनिकता और सौंदर्यबोध से परिचित कराया गया
सिंगापुर प्रवास के दौरान विद्यार्थियों ने प्रसिद्ध मर्लियन परिसर तथा विश्वविख्यात रेन वॉर्टेक्स से सुसज्जित ज्वेल चांगी एयरपोर्ट का भ्रमण किया। इन स्थलों ने विद्यार्थियों को सिंगापुर की आधुनिकता और सौंदर्यबोध से परिचित कराया। इस दौरान उन्होंने देश की स्वच्छता, अनुशासन, तकनीकी दक्षता, सुव्यवस्थित यातायात व्यवस्था तथा बहुसांस्कृतिक जीवन-पद्धति को निकटता से अनुभव किया। यह अनुभव उनके लिए केवल पर्यटन तक सीमित न रहकर व्यवस्था, नागरिक अनुशासन और वैश्विक दृष्टिकोण की व्यावहारिक सीख का माध्यम बना। मलेशिया प्रवास के दौरान विद्यार्थियों ने बाटू केव्स, जेंटिंग हाइलैंड्स तथा स्काईट्रोपोलिस इंडोर थीम पार्क जैसे प्रमुख दर्शनीय स्थलों का भ्रमण कर विविध अनुभवों का आनंद लिया। इसके साथ ही सनवे लैगून के सात विशिष्ट पार्कों ने यात्रा में रोमांच और उत्साह के नए आयाम जोड़े। विशेष रूप से वॉटर पार्क, वाइल्डलाइफ पार्क और स्क्रीम पार्क में विद्यार्थियों ने साहस, मनोरंजन और उत्साह से भरपूर गतिविधियों का अनुभव किया। इन विविध अनुभवों ने उनकी यात्रा को ज्ञान, रोमांच और उल्लास से समृद्ध एक अविस्मरणीय अंतरराष्ट्रीय अनुभव में बदल दिया।
विद्यार्थियों ने कुआलालंपुर के विस्तृत एवं मनोहारी दृश्य को देखा
यात्रा का एक अत्यंत विशिष्ट और प्रभावशाली पड़ाव पेट्रोनास ट्विन टावर्स रहा। टावर की 86वीं मंजिल स्थित ऑब्जर्वेशन डेक से विद्यार्थियों ने कुआलालंपुर के विस्तृत एवं मनोहारी विहंगम दृश्य का अवलोकन किया। इस अनुभव ने उन्हें आधुनिक वास्तुकला, अभियांत्रिकी कौशल और तकनीकी उत्कृष्टता की उपलब्धियों को निकट से समझने का अवसर प्रदान किया। यात्रा के क्रम में दल ने इस्ताना नेगारा, नेशनल मॉन्यूमेंट, मर्डेका स्क्वायर तथा एक्वेरिया केएलसीसी जैसे प्रमुख स्थलों का भी भ्रमण किया। इसके अतिरिक्त पुत्रजया की यात्रा के दौरान विद्यार्थियों ने पुत्रा मस्जिद और सुरम्य झील क्षेत्र का अवलोकन किया, जहाँ उन्हें मलेशिया की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, स्थापत्य सौंदर्य तथा सुविचारित नगरीय विकास की झलक देखने को मिली। इन अनुभवों ने विद्यार्थियों की ऐतिहासिक समझ, सांस्कृतिक चेतना और वैश्विक दृष्टिकोण को और व्यापक बनाया।
छात्रों ने साझा की यात्रा का अनुभव
इस अवसर पर कार्यकारी निदेशक डॉ. डैनियल माइकल प्रसाद ने कहा कि 'ग्लोबल अचीवर्स कार्यक्रम' का उद्देश्य विद्यार्थियों को ऐसे सार्थक अंतरराष्ट्रीय अनुभव प्रदान करना है, जो उनके ज्ञान, चिंतन और दृष्टिकोण को व्यापक आयाम दें। कक्षा 10वीं की स्कूल टॉपर उत्कर्षा ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा, "यह यात्रा मेरे लिए केवल एक अंतरराष्ट्रीय भ्रमण नहीं, बल्कि सीखने, समझने और अपनी दृष्टि को व्यापक बनाने का एक अनूठा अवसर रही। इस दौरान मिले अनुभव और सुनहरी स्मृतियाँ मेरे जीवन की अमूल्य धरोहर बनकर सदैव मेरे साथ रहेंगी।”इस अवसर पर संस्थापक निदेशक रेवरेंड डॉ. डी. एन. प्रसाद तथा मुख्य शैक्षणिक अधिकारी एवं संस्थापक प्राचार्या रीता प्रसाद ने विद्यार्थियों को उनकी उपलब्धि पर हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के अंतरराष्ट्रीय अनुभव विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, व्यापक दृष्टिकोण और नई संभावनाओं के प्रति सजगता विकसित करते हैं तथा उन्हें अपने निर्धारित लक्ष्यों की दिशा में अधिक दृढ़ता और उत्साह के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं।
