बोकारो जिले के कसमार प्रखंड अंतर्गत मधुकरपुर में जिला स्तरीय किसान मेला सह कृषि प्रदर्शनी का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन मंत्री, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग तथा उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग झारखंड सरकार योगेन्द्र प्रसाद द्वारा किया गया। इस अवसर पर जिले के सभी प्रखंडों से आए किसान हजारों की संख्या में उपस्थित रहे और आधुनिक कृषि तकनीक, उन्नत बीज, सब्जी उत्पादन एवं विभागीय योजनाओं की जानकारी प्राप्त करने को लेकर किसानों में विशेष उत्साह देखने को मिला। मेले के दौरान कृषि के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 75 किसानों को प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कार से सम्मानित किया गया। वहीं, 50 किसानों को सांत्वना पुरस्कार प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया।
किसान राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं
मंत्री, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग तथा उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग झारखंड सरकार प्रसाद ने कहा कि किसान राज्य की अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं और सरकार किसानों की आय बढ़ाने तथा खेती को लाभकारी बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने किसानों से वैज्ञानिक एवं तकनीकी खेती अपनाने, उन्नत बीज के प्रयोग, संतुलित उर्वरक उपयोग एवं आधुनिक कृषि पद्धतियों को अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि आज के समय में केवल परंपरागत खेती पर्याप्त नहीं है, बल्कि किसानों को तकनीक एवं बाजारोन्मुख खेती अपनानी होगी ताकि कम लागत में अधिक उत्पादन और बेहतर आमदनी सुनिश्चित की जा सके। उन्होंने सब्जी उत्पादन, बागवानी, पशुपालन एवं मिश्रित खेती को किसानों के लिए लाभकारी विकल्प बताया।
संवेदनशील एवं प्राथमिकता के आधार पर समाधान करें सुनिश्चित
मंत्री, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग तथा उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग झारखंड सरकार श्री योगेन्द्र प्रसाद ने यह भी कहा कि खेती के दौरान यदि किसानों को बीज, उर्वरक, सिंचाई, कीट-रोग, फसल क्षति अथवा किसी भी प्रकार की समस्या का सामना करना पड़े तो वे सीधे प्रखंड एवं जिला स्तर के कृषि एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों से संपर्क करें। इस संबंध में उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों की समस्याओं का समयबद्ध, संवेदनशील एवं प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के किसान मेले किसानों के लिए नई जानकारी, अनुभव साझा करने और प्रेरणा प्राप्त करने का सशक्त मंच हैं तथा ऐसे आयोजनों से किसानों को नई दिशा और आत्मविश्वास मिलता है।
मेले में 30 स्टॉल लगाए गए
कृषि मेला सह प्रदर्शनी में कृषि एवं संबद्ध विभागों, बीज विक्रेताओं, कृषक पाठशाला जरीडीह एवं अन्य संस्थाओं द्वारा कुल 30 स्टॉल लगाए गए थे, जिनके माध्यम से किसानों को उन्नत बीज, उर्वरक, कृषि यंत्र, आधुनिक कृषि तकनीक तथा कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई। प्रदर्शनी के अंतर्गत किसानों द्वारा रबी मौसम की सभी प्रमुख सब्जियाँ एवं अन्य कृषि उत्पाद प्रदर्शित किए गए। किसानों द्वारा लाया गया 18 किलोग्राम का कद्दू, 17 किलोग्राम का ओल, रंगीन फूलगोभी, सुपारी तथा एक ही पौधे में 16 किलोग्राम टमाटर विशेष आकर्षण का केंद्र रहा, जिसे देखकर उपस्थित किसान एवं अतिथि अत्यंत प्रभावित हुए।
किसानों को दी गई योजनाओं की जानकारी
कार्यक्रम में जिला कृषि पदाधिकारी शाहिद द्वारा मंत्री का स्वागत किया गया तथा कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की विस्तृत जानकारी किसानों को दी गई। मेले में जिले के सभी प्रखंडों के एटीएम, बीटीएम एवं कृषक मित्र उपस्थित रहे और किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन प्रदान किया गया। कार्यक्रम का सफल मंच संचालन बीटीएम बबलू सिंह द्वारा किया गया। इस अवसर पर सांसद प्रतिनिधि, कसमार प्रखंड प्रमुख, मधुकरपुर पंचायत के मुखिया, पंचायत समिति सदस्य, प्रखंड विकास पदाधिकारी कसमार, अंचलाधिकारी कसमार, कृषि विज्ञान केंद्र के प्रधान वैज्ञानिक, भूमि संरक्षण पदाधिकारी, जिला उद्यान पदाधिकारी, जिला सहकारिता पदाधिकारी, उप परियोजना निदेशक आत्मा बोकारो, गव्य विकास पदाधिकारी सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी उपस्थित रहे।
