समाहरणालय स्थित सभागार में शुक्रवार को जनता दरबार में चास के पिंड्राजोरा थाना क्षेत्र निवासी दिव्यांग मां लुधु कुमारी अपने छोटे बेटे मोती कुमार महतो के साथ पहुंची थी। नन्हा बेटा अपनी बड़ी बहन करूणा कुमारी के कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय चास में नामांकन की उम्मीद लेकर आया था। परिवार की आर्थिक और सामाजिक परिस्थितियों के कारण बच्ची का नामांकन अन्य विद्यालय में नहीं हो पाया था। नन्हे बच्चे मोती और उसकी दिव्यांग मां की स्थिति देखकर उपायुक्त अजय नाथ झा ने पूरे मामले को गंभीरता से लिया। उन्होंने तुरंत संबंधित अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि करूणा कुमारी का कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय में नामांकन प्राथमिकता के आधार पर सुनिश्चित किया जाए, ताकि बच्ची की पढ़ाई बाधित नहीं हो।
संवेदनशील प्रशासन का दिखा उदाहरण
उपायुक्त ने कहा कि प्रशासन का उद्देश्य केवल शिकायत सुनना नहीं, बल्कि जरूरतमंदों तक संवेदनशीलता के साथ सहायता पहुंचाना भी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे मामलों में विशेष संवेदनशीलता बरती जाए, ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित नहीं रहे। इस दौरान जिले के शहरी तथा ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे 31 से ज्यादा लोगों की क्रमवार समस्याओं/शिकायतों पर सुनवाई किया। साथ ही संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को प्राप्त आवेदनों को अग्रसारित करते हुए अविलंब जांच कर समाधान करने का निर्देश दिया। जनता दरबार में शिक्षा विभाग, सामान्य शाखा, चास अंचल, आपूर्ति, राजस्व संबंधित विवाद, सामाजिक सुरक्षा आदि से संबंधित आवेदन प्राप्त हुए थे। मौके पर उप विकास आयुक्त शताब्दी मजूमदार, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा सुचिता किरण, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी अविनाश कुमार सिंह सहित अन्य उपस्थित थे।
