सिविल सर्जन डॉ अभय भूषण प्रसाद के निर्देशन एवं थाना प्रभारी सेक्टर 6 संगीता कुमारी के सहयोग से सिगरेट और अन्य तम्बाकुू उत्पाद अधिनियम-2003 (COTPA.2003) की धारा 4, 6ए, 6बी के तहतं जिला छापामारी दल के सदस्य मो0 असलम के द्वारा सेक्टर-6 डीएवी स्कूल, क्रिसेंट पब्लिक स्कूल, डीपीएस सेक्टर 5, चिन्मया स्कूल, अय्यप्पा स्कूल व चीराचास पुल के निकट कुल लगभग 53 दुकानों की जांच की गई, जिसमें कोटपा कानून उल्लघंग की स्थिति में कुल 13 प्रतिष्ठानो/व्यक्तियों का चालान काटकर 3100/ रू अर्थदन्ड की वसूली की गई। थाना प्रभारी सेक्टर 6 के अनुसार बताया गया कि युवाओ को नशा से दूर रखने हेतु कोटपा-2003 के विभिन्न धाराओं के अनुपालन हेतु आज अभियान चलाया गया है, जिसमें विशेषकर देखा गया है कि स्कूल के 100 गज के दायरे में कोई ऐसा दुकान तो नही है जो तम्बाकू उत्पाद बेच रहा है। जिन दुकानों पर तम्बाकू उत्पाद से सम्बन्धित विज्ञापन का पोस्टर लगा था उसको हटवाया गया है और उन्हें सख्त निर्देश दिया गया है कि कि अपने दुकानों पर विज्ञापन वाला पोस्टर न लगाएं अन्यथा कोटपा-2003 की धारा 5 के तहत चालान की जाएगी।
जुर्माना या कारावास दोनों का है प्रावधान
जिसमें उल्लंघनकर्ता वाले दुकानदार को 1000 का जुर्माना या दो वर्ष का कारावास अथवा दोनो हो सकता है और सप्लाईकर्ता को 5000 का जुर्माना या 5 वर्ष का कारावास अथवा दोनो हो सकता है। तो भविष्य में ऐसी गलती न हो इसके लिये सभी दुकानदार तैयार रहें और कोटपा के सभी कानून का पालन करे। जिला परामर्शी मो असलम द्वारा बताया गया कि लगातार शिकायत आ रही थी कि चिन्मया स्कूल के सामने कमल वेरायटी दुकान में तम्बाकू उत्पाद की बिक्री हो रही है। आज छापामारी के दौरान दुकान के अन्दर तम्बाकू उत्पाद बेचते हुए पकड़ा गया जिसे कोटपा 2003 की धारा 6बी के तहत चालान किया गया साथ ही भविष्य में स्कूल के 100 मीटर के दायरे में तम्बाकू उत्पाद न बेचने के लिए आगाह किया गया। जिला परामर्शी मो असलम तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम बोकारो के द्वारा सभी बोकारो वासी से अनुरोध किया गया कि खुले/सार्वजनिक स्थान (सार्वजनिक स्थान यानी ऐसी जगह जहां दो आदमी बिना रोक टोक के आसानी से आ जा सके) में धुम्रपान का सेवन न करें।
खुले में धुम्रपान करने पर धारा-4 के तहत होगी कार्रवाई
यदि खुले में धुम्रपान का सेवन करते हुए पकड़ा गया तो कोटपा-2003 की धारा 4 के तहत कार्रवाई की जायेगी और सभी दुकानदार से अपील है कोटपा-2003 की धारा-7 की उपधारा (2) के अनुसरण के तहत झारखण्ड राज्य में विनिर्दिष्ट चेतावनी (कैंसर वाला चित्र) के बिना किसी भी प्रकार के तम्बाकू उत्पाद/सिगरेट/खुली सिगरेट की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध है। उक्त अधिनियम की धारा-7 की उपधारा-2 का उल्लंघन कोटपा-2003 की धारा 20 के अन्तर्गत दन्डनीय अपराध है। इस लिये सभी दुकानदारो को चेतावनी दी जाती है कि सिंगल सिगरेट (Loose Cigarettes ) की विक्री न करें अन्यथा कोटपा-2003 की धारा 7 के तहत कार्रवाई की जायेगी।
