बोकारो जिले के गोमिया वन क्षेत्र के विभिन्न गांवों और जंगलों में जंगली हाथियों का दल विचरण कर रहा है। इसलिए वन विभाग ने सभी ग्रामीण से विनम्र अपील है कि वे सतर्क एवं सुरक्षित रहें। फ़िलहाल तिरला: 15 हाथी, कण्डेर: 06 हाथी, दरहाबेडा: 02 हाथी, बड़की पुन्नू: 01 हाथी है. सुरक्षा एवं बचाव के लिए जंगल जाने से बचें: शाम ढलने के बाद और सुबह-सुबह जंगल या सुनसान रास्तों की ओर बिल्कुल न जाएं। महुआ व शराब से दूर रहें: घर में हड़िया, महुआ या शराब न रखें और न ही इसका सेवन करके बाहर निकलें; इसकी गंध हाथियों को आकर्षित करती है.
शाम के बाद घरों के बाहर पर्याप्त रोशनी रखने के निर्देश
शोरगुल और रोशनी: शाम के बाद घरों के बाहर पर्याप्त रोशनी रखें। जरूरत पड़ने पर टॉर्च, आग या ढोल, पटाखों की हल्की आवाज से हाथियों को आबादी से दूर रखें। भीड़ न लगाएं: हाथी दिखने पर पत्थर न मारें, सेल्फी या वीडियो बनाने की कोशिश बिल्कुल न करें और न ही उन्हें घेरें। उत्तेजित होने पर वे हमलावर हो सकते हैं। अकेले बाहर न निकलें: शौच या किसी भी काम से बाहर जाते समय हमेशा समूह में निकलें और हाथ में टॉर्च या लाठी जरूर रखें। हाथियों की गतिविधि पर नजर पड़ते ही तुरंत अपने स्थानीय वनकर्मी या वन विभाग को सूचित करें। स्वयं सुरक्षित रहें और दूसरों को भी सतर्क करें।
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